दीपावली का त्योहार हिन्दुओ का प्रमुख त्योहार है.
हिंदू धर्म भारत का एक प्रमुख धर्म है और यह दुनिया में सबसे पुराना धर्म माना जाता है.
दीवाली हर वर्ष कार्तिक महीने के पन्द्रहवें दिन को मनाया जाता है.इस त्योहार को लगभग 800 मिलियन लोग विभिन्न तरीकों से मनाते हैं.यह त्योहार धन और समृद्धि की देवी लक्ष्मी के सम्मान में मनाया जाता है.दिवाली के दिन धन की देवी लक्ष्मी जी की पूजा की जाती है.
दीवाली शब्द का मतलब हिन्दी में “दीये की रोशनी” है.
दीपावली का त्योहार अंधकार पर प्रकाश की विजय का प्रतीक है.
दीपावली का त्योहार भारत का सबसे बड़ा और प्रसिद्ध त्योहार है और यह पांच दिनों के लिए मनाया जाता है.
दीपावली के पहले दिन धनतेरस, दूसरे दिन छोटी दिवाली, तीसरे दिन लक्ष्मी पूजा, चौथे दिन गोवर्धन पूजा तथा पाँचवे दिन भैया दूज मनाया जाता है.
धनतेरस के दिन सोना, चांदी व स्टील के बर्तन या अन्य वस्तु खरीदना बहुत शुभ माना जाता है.
दिवाली शब्द की उत्पत्ति संस्कृत के दो शब्दों ‘दीप’ अर्थात ‘दिया’ व ‘आवली’ अर्थात ‘लाइन’ के मिश्रण से हुई है.
दिवाली को बुराई पर अच्छाई, अंधकार पर प्रकाश, अज्ञान पर ज्ञान और निराशा पर आशा की विजय से जोड़कर देखते हैं.
दीपावली पर लोग अपनी बुरी आदतों को छोड़कर अच्छी आदतों को अपनाते है.
“शुभ दीपावली” दिवाली का प्रसिद्ध ग्रीटिंग कार्ड है. इसका मतलब है, “आपकी दीपावली शुभ हो”.
भारत के कुछ जगहों पर दिवाली को नये साल की शुरुआत भी माना जाता है.
दीपावली का त्योहार खुशी और आशीर्वाद लेकर आता है.
दीपावली का त्योहार वर्षा ऋतु के जाने के बाद शीत ऋतु के आगमन का भी इशारा करता है.
उड़ीसा और पश्चिम बंगाल में हिन्दू लक्ष्मी माता की जगह काली माता की पूजा करते हैं और इस त्योहार को काली पूजा कहते हैं.
जितनी मान्यता पश्चिमी देशो में क्रिसमस की है वही मान्यता भारत में दीपावली की है.
दीवाली की रात में अपने घरो में लोग घी व तेल के दीयें जलाते है.
दीवाली के दिन लोग घर पर रखे पैसो पर हल्दी लगाते है व रात में गोवर्धन की पूजा भी करते है.
दीपावली का त्योहार प्रदूषण के लिए भी जाना जाता है.
दीपावली की आतिशबाजी से सांस सम्बन्धी बीमारी, दिल का दौरा, उच्च रक्तचाप होने का खतरा बढ़ जाता है.
बच्चो को दिवाली से काफी नुकसान होता है. कई बच्चो के पटाखे जलाते वक़्त हाथ जल जाते है.
अनार नामक पटाखे को 65% चोटों का कारण पाया गया है.
दीपावली से जुड़ी मान्यताएँ
दिवाली का त्यौहार भगवान राम और माता सीता के 14 वर्ष के बाद घर आगमन पर मनाया जाता है.
भगवान कृष्ण भक्त लोगों का मत है कि इस दिन भगवान श्री कृष्ण ने अत्याचारी राजा नरकासुर का वध किया था.
पौराणिक कथाओ के अनुसार दीपावली के दिन ही भगवान विष्णु ने नरसिंह रुप धारणकर हिरण्यकश्यप का वध किया था.
दीपावली का त्योहार भारत के अलावा त्रिनिदाद और टोबैगो, म्यांमार, नेपाल, मॉरीशस, गुयाना, सिंगापुर, सूरीनाम, मलेशिया, श्रीलंका और फिजी में भी बड़ी धूम- धाम से मनाया जाता है.
मलेशिया में जो दीपावली मनाई जाती है उसे हरी दीवाली कहा जाता है.
दीपावली के पर्व पर नेपाल देशवासी यमराज की पूजा करते है.
महावीर जी को जब मोक्ष की प्राप्ति हुई थी तब वह दिन दिवाली का ही दिन था.
दिवाली के दिन ही सन 1577 में अमृतसर के स्वर्ण मंदिर यानी गोल्डन टेम्पल का शिलान्यास हुआ था.
दीपावली के मौके ऑनलाइन शौपिंग साइट्स कस्टमर को कई डिस्काउंट ऑफर देती है जिस कारण लोग ऑनलाइन खरीदारी करना पसंद करते है.
दीपावली में पटाखों पर लगभग एक अरब डॉलर रूपया खर्च हो जाता है. इतना धन शिक्षा और बेहतर स्वास्थ्य सुविधा पर भी इस्तेमाल किया जा सकता है.
दिवाली वह त्यौहार है जब हर व्यक्ति अपने परिवारवालो के साथ अपना समय बिताना चाहता है और दिवाली को मनाता है.
दिवाली पर हर व्यापारी को मुनाफा होता है और यह उनके लिए बहुत ही बेहतर साबित होता है.
भारत में बाजारों में सबसे ज्यादा रौनक दिवाली के त्यौहार पर ही होती है.
दिवाली भारत में इसलिए बहुत प्रसिद्ध है क्योंकि इसे हर सम्प्रदाय के लोग धूम – धाम से मनाते है.


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